2500 साल पहले बना था दुनिया का सबसे पुराना संग्रहालय, एक महिला थी इसकी क्यूरेटर

Updated on 16 Jul, 2018 at 6:07 pm

Advertisement

जिन्हें इतिहास से प्रेम होता है वे अधिकतर म्युजियम जाना पसंद करते हैं। म्युजियम में उन्हें ऐसी चीजें मिल जाती हैं, जो उनके काम की होती हैं या उन चीजों से रूबरू होकर उन्हें प्रसन्नता प्राप्त होती है। 20वीं सदी के मशहूर पुरातत्वविद सर चार्ल्स लियोनार्ड वूली के खोज का तरीका बहुत अनोखा था और इन्होंने ही आधुनिक पुरातत्व की नींव रखी। वूली की वजह से ही दुनिया को इराक में मेसोपोटामिया सभ्यता के बारे में पता चल सका और उनकी बदौलत दुनिया को सबसे पुराने संग्रहालय के बारे में पता चला जो करीब 2500 साल पुराना है।

दुनिया का सबसे पुराना संग्रहालय।

 

 

वर्ष 1925 में वूली ने एक ऐसे महल की खोज की जिसे बेबीलोन साम्राज्य के आखिरी राजा ने करीब 500 ईसा पूर्व बनवाया था। खास बात यह थी कि इस महल में दुनिया के सबसे पुराने संग्रहालय के अवशेष मिले। यह खोज पूरी तरह से आकस्मिक और अप्रत्याशित थी। महल के अंदर वूली और उनकी टीम को कई आपस में जुड़े कक्ष मिले, साथ ही ऐसी बहुत सी चीज़ें मिली जो महल और नए बेबीलोन साम्राज्य से भी भी बहुत साल पुरानी थीं।

रिसर्च में मिली चीज़ों में सुमेरियन साम्राज्य के राजा डुंगी का नाम अंकित एक पत्थर की मूर्ति भी मिली। डुंगी ने 20वीं सदी से 1989 ईसा पूर्व तक सुमेर पर राज्य किया था। इसके अलावा मिट्टी की बनी गोलियां और दीवारों के पत्थर पर देवताओं के प्रतीक बने थे।

मिट्टी के सिलेंडर पर तीन भाषाओं में वर्णन अंकित था, जैसा कि एन्निगाल्डी-नाना के संग्रहालय किया जाता था। आगे किए गए शोध से स्पष्ट हुआ कि महल की खोज के दौरान मिली सारी चीज़ें राजकुमारी एन्निगलाडी के विशाल संग्रहालय की है। एन्निगलाडी राजा नोबोनिडस की बेटी थी और उन्हें बेल-शल्ती-नाना भी कहा जाता था।


Advertisement

 

 

खुदाई का अधिकांश काम राजाओं के कर्मचारियों द्वारा किया गया, क्योंकि उनका काम ही था प्राचीन इलाकों का पता लगाना, मगर ये भी माना जाता है कि कुछ चीज़े नए बेबीलोन के शासक नबूकदनेस्सर के शासन काल में खुदाई में मिली। नबूकदनेस्सर अपने दौर के सबसे ताकतवर राजाओं में से एक थे।

राजुकमारी एन्निगलाडी बहुत प्रभावशाली महिला थीं और वह इलाके में पुरोहितों के लिए स्कूल चलाती थीं। वूली के मुताबिक, जिस कक्ष में चीज़ें मिली थी उसे खासतौर पर राजकुमारी के कहने पर बनाया था। यानी इस तरह से राजकुमारी सबसे पुराने संग्रहालय की क्यूरेटर हुईं। यह अभी तक ज्ञात नहीं हुआ है कि उस दौरान आम लोगों को संग्रहालय में जाने की अनुमति थी या नहीं। राजकुमारी के इस संग्रहालय को एन्निगलाडी नाना के म्यूज़ियम के नाम से जाना जाता है। उस दौर में यकीनन अमीरों के लिए ये संग्रहालय बहुत नायाब चीज़ रही होगी।

 

539 ईसा पूर्व में राजकुमारी के सुनहरे दिनों का अंत हो गया, जब बेबीलोन साम्राज्य खत्म होकर फारसी साम्राज्य का हिस्सा बन गया। जल्द ही राजकुमारी की सांस्कृतिक उपलब्धियों पर वक़्त की धूल जम गई, मगर वूली और उनकी टीम की बदौलत दुनिया को सबसे पुराने संग्रहालय के बारे में पता चल पाया और यह भी कि उसका संरक्षण एक शक्तिशाली महिला ने किया था।

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement