Topyaps Logo

Topyaps Logo Topyaps Logo Topyaps Logo Topyaps Logo

Topyaps menu

Responsive image

मातृत्व अवकाश देने के बजाए कम्पनी ने नौकरी से निकाला, महिला ने PM से लगाई गुहार

Published on 20 July, 2016 at 5:26 pm By

मां बनना किसी स्त्री के जीवन का बेहद खास समय होता है। इस दौरान स्त्री नन्हे जीव का सृजन करती है। अब उसकी जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। अब उसे परिवार के साथ-साथ अपना और आने वाले बच्चे का भी ध्यान रखना होता है। डॉक्टर्स प्रेग्नेंट महिला को बेहतर खान-पान और ज्यादा से ज्यादा आराम करने की सलाह देते हैं।

कामकाजी महिलाओं को ध्यान में रखते हुए सरकार ने भी प्रेग्नेंसी के दौरान 12 हफ्ते की छुट्टी का कानून बना रखा है। लेकिन भारत देश में कानून बनना एक बात है और उस पर अमल होना दूसरी। राधिका की कहानी भी कुछ ऐसी ही है।


Advertisement

maternity-inside-2

राधिका एक प्राइवेट कम्पनी में पिछले दो साल से काम कर रही थीं। जब वह प्रेगनेंट हुईं तो उन्होंने कंपनी को मेल किया कि वह मैटेर्निटी लीव (प्रेग्नेंसी के दौरान दी जाने वाली 12 हफ्ते की छुट्टी) चाहती हैं लेकिन कम्पनी ने छुट्टी देने के बजाय उनको नौकरी से निकाल दिया।

28 साल की राधिका Radius Synergies International Pvt. Ltd नाम की कम्पनी के HR डिपार्टमेंट में बतौर असिस्टेंट मैनेजर काम कर रही थीं।

maternity-inside-4

राधिका ने TYNews को बताया:



मैं कम्पनी में एक मात्र HR थी, हाल ही में मैंने जब डायरेक्टर से छुट्टी के बारे में बात की थी तो  सब ठीक था लेकिन जब मैंने छुट्टी के लिए मेल किया तो छुट्टी देने के बजाए मुझे नौकरी से निकाल दिया गया।

Gmail-Termination-from-Service-e1468998630704

मातृत्व लाभ अधिनियम 1961 के मुताबिक 12 हफ्ते की छुट्टी हर कार्यरत महिला का अधिकार है। इसके साथ नियोक्‍ता पर यह दायित्‍व होगा कि औसत दैनिक मजदूरी की दर से उसकी वास्‍तविक अनुपस्थिति की अवधि के लिए उसके प्रसव के दिन सहित इसके तुरन्‍त पहले और उस दिन के बाद छ: सप्‍ताह तक के लिए उसे मातृत्‍व लाभ का भुगतान किया जाएगा। यदि कोई नियोक्‍ता इस अधिनियम का उल्‍लंघन करता है तो उसे जेल या जुर्माना अथवा दोनों हो सकता है।


Advertisement

राधिका के पति ने बताया कि कम्पनी से निकाले जाने से दुःखी राधिका की तबियत बहुत बिगड़ गई थी उन्हें अस्पताल ले जाना पड़ा था। इन सब के बावजूद राधिका कहती हैं कि वह अपने हक के लिए लड़ेंगी। उन्होंने इसके बाबत प्रधानमंत्री और महिला एवं बाल विकास मंत्रालय उत्तर प्रदेश को पत्र भी लिखा है।

मामले पर तेजी दिखाते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय (उ.प्र.) ने जल्द न्याय दिलाने का आश्वासन दिया है।

देखें राधिका की पूरी कहानी…


Advertisement

इनपुट: जाह्नवी

Advertisement

नई कहानियां

Sapna Choudhary Songs: सपना चौधरी के ये गाने किसी को भी थिरकने पर मजबूर कर दें!

Sapna Choudhary Songs: सपना चौधरी के ये गाने किसी को भी थिरकने पर मजबूर कर दें!


जानिए कैसे डाउनलोड करें YouTube वीडियो, ये है आसान तरीका

जानिए कैसे डाउनलोड करें YouTube वीडियो, ये है आसान तरीका


प्रधानमंत्री आवास योजना से पूरा होगा ख़ुद के घर का सपना, जानिए इससे जुड़ी अहम बातें

प्रधानमंत्री आवास योजना से पूरा होगा ख़ुद के घर का सपना, जानिए इससे जुड़ी अहम बातें


ब्रह्माजी को क्यों नहीं पूजा जाता है? एक गलती की सज़ा वो आज तक भुगत रहे हैं

ब्रह्माजी को क्यों नहीं पूजा जाता है? एक गलती की सज़ा वो आज तक भुगत रहे हैं


Hindi Comedy Movies: बॉलीवुड की ये सदाबहार कॉमेडी फ़िल्में, आज भी लोगों को गुदगुदाने का माद्दा रखती हैं

Hindi Comedy Movies: बॉलीवुड की ये सदाबहार कॉमेडी फ़िल्में, आज भी लोगों को गुदगुदाने का माद्दा रखती हैं


Advertisement

ज़्यादा खोजी गई

टॉप पोस्ट

और पढ़ें News

नेट पर पॉप्युलर