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सिर्फ एक कान से सुन सकता है ये खिलाड़ी, भारतीय टीम में हुआ शामिल

7:16 pm 11 Dec, 2017

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कोई भी इंसान परफेक्ट नहीं है, ऐसा कहा जाता है और ये सही भी है। सभी में कुछ न कुछ कमजोरी होती है, लेकिन सब उन कमजोरियों को अपनी ताकत नहीं बना पाते। उसका रोना रोते हुए जिन्दगी गुजार देते हैं। खासकर शारीरिक कमियों से लोग अक्सर लड़ नहीं पाते और हार मान जाते हैं।

लेकिन यहां हम जिस खिलाड़ी का जिक्र करने जा रहे हैं उन्होंने दुनिया के सामने कमजोरी समझे जाने वाली अपनी दिव्यांग अवस्था के सामने अपने सपनों को टूटने नहीं दिया।

 

जी हां! हम जिस खिलाड़ी की बात कर रहे हैं वो एक कान से नहीं सुन सकते।

 

 

हम बात कर रहे हैं वाशिंगटन सुंदर की, जो टीम इंडिया में अपनी जगह बनाने में कामयाब रहे हैं। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ टी-20 सीरीज में अपनी जगह बनाई है।

 

 

 

टीम इंडिया में सेलेक्ट हुए सुन्दर ने अपने पिता और पूर्व कोचों का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा-

 


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“भारतीय टीम का हिस्सा बनना मेरा सपना है। मेरे पिता (सुंदर) और पूर्व कोचों ने एक क्रिकेटर के रूप में मुझे आगे बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभाई। मैं उन सभी का शुक्रगुजार हूं। 18 साल की उम्र में राष्ट्रीय टीम के लिए चुना जाना सपना सच होने जैसा है और मैं इससे रोमांचित हूं।”

गौरतलब है कि वाशिंगटन सुंदर को एक कान से सुनाई नहीं देता है। वे जब 4-5 साल के थे तो उनके माता-पिता को पता चला कि सुंदर का एक ही कान काम करता है।

 

डॉक्टर को दिखाने के बावजूद भी सुन्दर का इलाज नहीं हो सका। इसके बावजूद वाशिंगटन सुंदर ने इस कमजोरी को नजरअंदाज करते हुए क्रिकेट में अपना मन लगा लिया और इस पर ही अपना ध्यान केंद्रित किया।

 

 

आपको बता दें कि सुंदर बायें हाथ के बल्लेबाज हैं और दायें हाथ की ऑफ स्पिन गेंदबाजी भी करते हैं। सुंदर को आइपीएल-10 में राइजिंग पुणे सुपरजाइंट में चोटिल रविचंद्रन अश्विन के स्थान पर खेलने का मौक़ा मिला था और तब से वे लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं।

 

 

तमिलनाडु के 18 वर्षीय वाशिंगटन ने ‘यो-यो’ परीक्षण भी पास किया हुआ है, जिसमें दो महीने पहले वे विफल रहे थे। वाशिंगटन नेट में आरपीएस के कप्तान स्टीव स्मिथ, महेंद्र सिंह धोनी और इंग्लैंड के ऑलराउंडर बेन स्टोक्स के साथ गेंदबाजी कर चुके हैं। वह तमिलनाडु प्रीमियर लीग में लगातार 4 अर्धशतक जड़ते हुए टूर्नामेंट के सबसे अधिक रन बनाने वाले खिलाड़ियों में शामिल थे।

 

हम उनके सुनहरे भविष्य की कामना करते हैं!

 

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