हम भले कुछ भी कह लें, आजाद भारत के प्रथम मतदाता को लोकतंत्र पर है पूरा भरोसा

Updated on 9 Nov, 2017 at 2:18 pm

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आज़ाद भारत में जिन्होंने पहला मतदान किया, उन श्याम शरण नेगी का लोकतंत्र पर भरोसा आज भी कायम है।

हिमाचल प्रदेश में चुनाव होने हैं। अन्य चुनावों की तरह ही राजनीतिक पार्टियों द्वारा वायदों का दौर शुरू हो चुका है। लोगों को यह बोरिंग लग सकता है, लेकिन देश के पहले वोटर श्याम शरण नेगी इस लोकतांत्रिक व्यवस्था में गहरी आस्था रखते हैं और आज भी आशान्वित हैं।

इस फोटो में बाएं से दूसरे व्यक्ति हैं श्याम शरण जी।

हिमाचल प्रदेश के किन्नौर ज़िला स्थित गांव कल्पा के श्याम शरण नेगी का नाम इतिहास में दर्ज है। वह पहले शख्स हैं, जिन्होंने वर्ष 1951 में पहला वोट डाला था। 1 जुलाई, 1917 को जन्में नेगी साहब 100 साल के हो चुके हैं। श्याम जी एक सेवानिवृत्त स्कूल टीचर हैं।

प्रथम मतदान का ये है वाकया

1947 में आज़ादी के बाद 1952 फरवरी में देश में पहला चुनाव करवाने का निर्णय लिया गया था। चूंकि फरवरी में सर्दियों का मौसम रहता है, लिहाजा पहाड़ों पर भारी बर्फ़बारी होती रहती है। इसीलिए तय वक़्त से लगभग 5 महीने पहले हिमाचल में चुनाव करवाए गए और श्याम शरण नेगी को देश के सबसे पहले मतदाता के रूप में चुना गया।

श्यामजी ने तब से अब तक सभी चुनावों में मतदान करते आ रहे हैं। लिहाजा उन्होंने लगभग 16 लोकसभा और 12 विधानसभा चुनावों में अपना वोट डाला है। वे उत्साहित होते हुए कहते हैं कि उम्र के इस पड़ाव पर भी अगर उनसे संभव हुआ तो आने वाले चुनाव में मतदान करेंगे।


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श्यामजी के बेटे प्रकाश ने पीटीआई को बतायाः

“मेरे पिताजी 9 नवंबर को मतदान करने की पूरी तैयारी में हैं। उन्हें पहला मतदान आज भी याद है। हर बार वोट डालते समय उनका उत्साह देखने लायक होता है। वे राज्य से बाहर सिर्फ हरिद्वार गए हैं। रेडियो न्यूज सुनना उन्हें आज भी पसंद है।”

बता दें कि श्यामजी पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को अपना फेवरिट लीडर मानते हैं। वे कहते हैं कि अच्छे नेताओं को सत्ता में लाने के लिए वोट डालना जरूरी है। वे उन दुर्लभ लोगों में से हैं जिन्होंने ब्रिटिश राज से लेकर आजाद भारत को अपनी आंखों से बढ़ते देखा है।

किन्नौर के डिप्टी कमीश्नर डॉ. नरेश कुमार लट्ठ ही यहां के मतदान अधिकारी हैं। उन्होंने बताया कि श्यामजी का पोलिंग स्टेशन के गेट पर भव्य स्वागत होगा और उन्हें किन्नौरी टोपी, शॉल और मेमेंटो से सम्मानित करने के साथ ही उनके लिए लाल कारपेट भी बिछाया जाएगा।

आज जब कई मतदान योग्य युवाओं के पास वोटरकार्ड नहीं हैं तो कई लोग मतदान में रूचि नहीं लेते तो लोकतंत्र में आस्था से सराबोर नेगी साहब उनके लिए प्रेरणास्रोत हैं। ज्ञात हो कि 2014 में गूगल इंडिया ने इनको लेकर एक भावनात्मक विडियो बनाया था। आप भी देखिए कि कैसे श्यामजी वोट डालने के लिए तैयार हो रहे हैं।

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