भारत के अजीब कानून जिसे जानकर आपका सिर चकरा जाएगा

6:43 pm 3 Jan, 2018

Advertisement

किसी भी देश में कानून बनाने का मकसद लोगों को गलत और अजीब काम करने से रोकना होता है। हालांकि, अपने देश के कुछ कानून के बारे में जानकर आप सिर चकरा जाएगा, क्योंकि ये कानून किसी गलत चीज़ को रोकने के लिए नहीं बनाए गए, बल्कि ये अपने आप में ही बहुत विचित्र और अनोखे हैं और इन्हें देखने के बाद लगता है कि आखिर इन्हें बनाया ही क्यों गया है।

18 साल की उम्र में आपको वोट डालने का अधिकार है, लेकिन शराब पीने का नहीं।

भारत में कानून शराब पीने की उम्र हर राज्य में अलग-अलग है। दिल्ली में ये 25 साल है, जबकि राजस्थान, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल में 21 साल है। आपको जानकर हैरानी होगी कि महाराष्ट्र में 21 साल वालों को बीयर और वाइन पीने का अधिकार है, लेकिन वे अन्य ड्रिंक नहीं पी सकते। इसके लिए आपका 25 साल का होना ज़रूरी है। इस कानून का क्या कोई तुक आपको समझ में आता है। जैसा कि आप सभी जानते हैं कि भारत में 18 साल की उम्र के बच्चों को बालिग माना जाता है और उन्हें वोट डालने का भी अधिकार है। इतना ही नहीं, इस उम्र में लड़कियों की शादी भी कानूनी रूप से सही है, तो शराब पीने के लिए 25 साल उम्र तय करने का क्या मतलब है। क्या शराब पीने के लिए ज़्यादा मैच्योरिटी की ज़रूरत होती है?

पतंग उड़ाने के लिए परमिट होना ज़रूरी।

एयरक्राफ्ट एक्ट 1934 के मुताबिक पुलिस की इजाज़त के बिना पतंग उड़ाना कानून अपराध है। हैरान हो गए न सुनकर? तो जान लीजिए कि अब तक आपने जितनी बार पतंग उड़ाई है, उतनी बार आपने कानून तोड़ा है। कम से कम एयरक्राफ्ट एक्ट तो यही कहता है। शायद आपको पता नहीं है कि ऐसा करने पर आप पर 10 लाख का जुर्माना और 2 साल की जेल हो सकती है।


Advertisement

सिर्फ भारतीय डाक सेवा ही पत्रों का वितरण कर सकते हैं।

चौंक गए? इंडियन पोस्ट ऑफिस एक्ट 1898 के मुताबिक सिर्फ भारतीय डाक ही आपके पते पर पत्र पहुंचा सकते हैं। अब आप सोच रहे होंगे कि तो कुरियर कंपनियां कैसे काम कर रही हैं। दरअसल, कुरियर कंपनियां पत्रों को डॉक्यूमेंट यानी दस्तावेज कहती ,हैं इसलिए उन्हें ये डिलीवर करने का अधिकार है।

वेश्यावृत्ति कानूनी है, लेकिन आप इसकी दलाली नहीं कर सकते।

वेश्यावृत्ति को यदि कोई निजी व्यापार के रूप में करता है, तो ये कानूनी है, लेकिन यदि कोई सार्वजनिक जगह पर ग्राहकों को आकर्षित करने की कोशिश करता है तो ये गैरकानूनी है। वेश्यालय, प्रॉस्टीट्यूशन रिंग्स, पिंपिंग आदि गैरकानूनी हैं। शायद आप कन्फ्यूज़ हो गए होंगे। दरअसल, भारत में वेश्यावृत्ति को लेकर कोई स्पष्ट कानून है ही नहीं।



इंटरनेट सेंसरशिप।

इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एक्ट 2000 के तहत ऑनलाइन पॉर्नोग्राफी गैरकानूनी है। हालांकि, अकेले में आप इसे देख सकते हैं। इसे कहते हैं सहूलियत के हिसाब से कानून बनाना।

केरल में तीसरा बच्चा होने पर जुर्माना देना होता है।

केरल में सिर्फ दो बच्चे पैदा करने की ही इजाज़त है। यदि किसी दंपत्ति को तीसरा बच्चा होता है तो उसे 10,000 जुर्माना देना होता है। साथ ही किसी भी तरह की सरकारी योजना का फायदा भी सिर्फ पहले दो बच्चों को ही मिलता है।

किसी तरह की अश्लीलता न फैलाएं।

इंडियन पीनल कोड की धारा 294 के तहत यदि कोई व्यक्ति सार्वजनिक रूप से कुछ भी अश्लील बोलता है या अश्लील हरकत करता है तो वो सजा का हकदार होगा, लेकिन हैरानी की बात ये है कि ‘अश्लील’ शब्द की व्याख्या नहीं की गई है। तो कैसे पता चलेगा कि अश्लील का क्या मतलब है।

indianexpress


Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement