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इन 10 आसान तरीकों से आप भी कर सकते हैं पर्यावरण की हिफाज़त

Published on 24 August, 2018 at 11:14 am By

पर्यावरण प्रदूषण के बारे में आप रोज़ना पढ़ते और सुनते होंगे और खुद भी इस बारे में बात करते होंगे, लेकिन क्या आप पर्यावरण को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए कुछ करते हैं? शायद नहीं, माना कि किसी एक के प्रयास से पूरे पर्यावरण को स्वच्छ नहीं बनाया जा सकता, लेकिन शुरुआत किसी एक तो करनी ही होगी न। आप बहुत आसानी और छोटे-छोटे काम करके पर्यावरण प्रदूषण को कम करने में मदद कर सकते हैं।


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1. प्लास्टिक बैग की जगह इको फ्रेंडली बैग इस्तेमाल करें

 

प्लास्टिक पर्यावरण के लिए कितना खतरनाक होता है ये जानते हुए भी लोग अब तक प्लास्टिक बैग का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसकी जगह कपड़े या जूट का बना बैग इस्तेमाल करें। इसे कैरी करना भी आसान होता है और ये बैग प्लास्टिक से कहीं ज़्यादा मज़बूत होत हैं। एक बैग सालों चल जाते हैं ऐसे में आपके घर और पर्यावरण में प्लास्टिक का ढेर इकट्ठा होने से बच जाएगा।

 

 

2. रिचार्जेबल बैटरी का इस्तेमाल

 


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बैटरी जब खत्म हो जाती है तो उसे फेंकना ही होता है जो आखिरकार कचरे का ढेर बढ़ाता है, भेल ही ये बहुत नुकसानदायक न हो, लेकिन इसके केमिकल पर्यावरण के लिए बहुत अच्छे नहीं होते। बेहतर होगा कि आप साधारण बैटरी की बजाय रिचार्जेबल बैटरी का इस्तेमाल करें, ये ज़्यादा दिनों तक चलते हैं।

 

 

3. डिटर्जेंट की बजाय इको-फ्रेंडली चीज़ें इस्तेमाल करें

 

डिटर्जेंट के अविष्कार ने हाउसवाइफ की ज़िंदगी आसान बना दी है, क्योंकि इससे सफाई जल्दी और अच्छी तरह हो जाती है, मगर इसमें मौजूद केमकिल से त्वचा संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। साथ ही कुछ डिटर्जेंट इतने स्ट्रॉन्ग होते हैं कि उससे बर्तन साफ करन के बाद बर्तनों में से अजीब से गंध आने लगती है, जिसे आप खुशबू समझते हैं, लेकिन वो सेहत के लिए अच्छे नहीं होते। इसलिए बेहतर होगा कि आप सफाई के लिए कुदरती चीजों का इस्तेमाल करें जैसे- विनेगर, बेकिंग सोडा और नींबू का रस मिलाकर मिश्रण तैयार करें। इसके लिए एक ग्लास विनेगर में एक ग्लास पानी, ¼ ग्लास नींबू का रस और बेकिंग पाउडर मिलाकर मिश्रण तैयार करें। इससे कांच और खिड़कियों की सफाई करें।

 

 

4. दोबारा इस्तेमाल होने वाली प्लास्टिक की बोतल का उपयोग

 

साफ पानी के लिए ढेर सारे बोतलबंद पानी खरीदने की बजाय घर में प्यूरीफायर लगवा लें और अच्छी क्वालिटी की पानी की बोतल खरीद कर उसे इस्तेमाल करें, इससे आपके प्लास्टिक की बोतलों का ढेर जमा नहीं होगा।

 

 

5. नल में एयरेटर का इस्तेमाल

 

अध्ययन के मुताबिक, एक व्यक्ति ब्रश करते समय 1.3 गैलन पानी का इस्तेमाल करता है। एक दिन में एक व्यक्ति करीब 66 गैलन पानी का उपयोग करता है, तो ज़रा सोचिए कि 6-7 लोगों के परिवार में कितना पानी बर्बाद होता होगा।

अब आप पानी का इस्तेमाल ब्रश, नहाने, कपड़े-बर्तन धोने जैसे ज़रूरी काम के लिए तो करेंगे ही, क्योंकि इसके बिना काम नहीं चलता, लेकिन आप पानी की बचत के लिए नल में एयरेटर लगवा सकते हैं जिससे करीब 50 फीसदी तक पानी की बचत हो सकती है। एयरेटर लगवाने से पानी और एयर (हवा) मिक्स होकर आती है जिससे पानी कम खर्च होता है।



 

 

6. कपड़ों का पुनः उपयोग

 

कुछ साल बाद पुराने होने पर हम कपड़े फेंक देते हैं जिससे कचरे का ढेर जमा होता जाता है। इसलिए थोड़ी क्रिएटिविटी दिखाते हुए कपड़ों के साथ ही घर की दूसरी चीजों को भी रियूज़ करें। जैसे पुरानी चींज़ से आप बैग सिल या सिलवा सकती हैं, पुराने कपड़ों से डोरमैट बनाया जा सकता है। पुराने कांच के ग्लास को आप कैंडल होल्डर की तरह इस्तेमाल कर सकते हैं और पुराने गहरे बर्तन बर्तन में मिट्टी डालकर कोई पौधा लगा सकते हैं।

 

 

7. मोशन सेंसर का इस्तेमाल

 

आपने मोशन सेंसर का इस्तेमाल हॉस्पिटल, रेस्टोरेंट और कई अन्य स्थानों पर देखा होगा, लेकिन आप इसे घर में भी इस्तेमाल कर सकते हैं। खासतौर पर सीढ़ी, बेसमेंट और कॉरीडोर जैसी जगहों पर जहां आमतौर पर आलस के मारे लोग जल्दी लाइट बंद नहीं करते हैं। इससे आपके बिजली का बिल काफी घट जाएगा।

 

 

8. कचरे को सही तरीके से अलग करें

 

सभी तरह के कचरे को इकट्ठा करके फेंकने की बजाय उन्हें सही तरीके से अलग करें। जैसे प्लास्टिक की सारी बोतलों को अलग इकट्ठा करें। फिर मेटल और कागज वाले कचरे को अलग करें। साथ ही लाइट बल्ब और बैटरी को भी अलग-अलग रखें।

 

 

9. कपड़े दान करें

 

आपके वॉर्डरोब में यदि कपड़े रखने की जगह नहीं बची है तो पुराने कपड़ों को निकालकर गरीब बच्चों या अनाथ आश्रम में जाकर दान कर दें, उसे यूं ही कचरें में न फेंकें।

 

 

10. टी बैग की जगह साधारण चाय का इस्तेमाल

 

आजकल टी बैग वाली चाय का चलन कुछ ज़्यादा ही है, खासतौर से जब से लोगों को ग्रीन टी का चश्का लगा है, लेकिन क्या आज जानते है कि छोटा सा दिखने वाला ये टी बैग नष्ट नहीं होता और पर्यावरण को नुकसान पहुंचाता है। इसलिए बेहतर होगा कि आप टी बैग की जगह साधारण पत्ती वाली चाय का ही इस्तमाल करें।


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