क्या आप जानते हैं IMA के कैडेट्स अपने सैन्य प्रशिक्षण के दौरान कितना वेतन पाते हैं?

Updated on 24 Apr, 2018 at 12:31 pm

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IMA या भारतीय सैन्य अकादमी देश के सबसे पुराने प्रशिक्षण केंद्रों में से एक माना जाता है। देश की यह बेहद प्रतिष्ठित सैन्य अकादमी सेना में भर्ती हुए युवा कैडेट्स को प्रशिक्षण देने का काम करती है। इस अकादमी में प्रशिक्षण लेने वाले जेंटलमेन कैडेट्स ही आगे चलकर सेना में बतौर अफसर अपने अद्भुत साहस व नेतृत्व क्षमता के बल पर कठिन सैनिक अभियानों व युद्ध के मुश्किल हालातों में जवानों की अगुवाई करते हैं।

भारतीय सेना का हिस्सा बनने की ख्वाहिश लिए लाखों युवा हर साल इस प्रतिष्ठित संस्थान में दाखिले की अर्जी लगाते हैं, लेकिन इनमें से कुछ सबसे बेहतरीन व काबिल युवा ही लिखित परीक्षा एवं साक्षात्कार के आधार पर इस सैन्य अकादमी में प्रशिक्षण पाने के लिए चुने जाते हैं।

 

भारतीय सैन्य अकादमी में युवाओं को कुछ इस तरह तराशा जाता है।

दुनिया की चौथी सबसे ताकतवर सेना के होने वाले अफसरों के प्रशिक्षण को भारतीय सरकार के द्वारा बेहद गंभीरता से लिया जाता है। इन कैडेट्स को सभी तरह की विश्व स्तरीय सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए सरकार के द्वारा एक बड़ी राशि खर्च की जाती है। इन कैडेट्स को प्रशिक्षित करने का जिम्मा अपने-अपने क्षेत्र के बेहद अनुभवी एवं कुशल प्रशिक्षकों को सौंपा जाता है।

आने वाली चुनौतियों के लिए तैयार करने की प्रक्रिया में जेंटलमेन कैडेट्स को शारीरिक व मानसिक रूप से कड़ा प्रशिक्षण दिया जाता है। जिसमें ड्रिल, हथियार चलाने में निपुणता और कुशल नेतृत्व क्षमता के विकास पर ख़ास ध्यान दिया जाता है। इन अभ्यासों के अलावा कैडेट्स फोटोग्राफी, पेंटिंग, सेमिनार एवं विभिन्न इंडोर और आउटडोर खेलों समेत कई अन्य गतिविधियों में भी हिस्सा लेते हैं।

 


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इस बेहद अनुशासित एवं कड़े प्रशिक्षण के बाद इन जेंटलमेन कैडेट्स को देश की सुरक्षा का कार्यभार सौंपा जाता है। जिसे ये पूरी तत्परता एवं साहस के साथ पूरा करते हैं।

 

भारतीय सैन्य अकादमी में प्रशिक्षण के दौरान इन कैडेट्स को सभी विश्व स्तरीय सुविधाओं के अलावा भारी भरकम वेतन भी दिया जाता है।

बेहद मुश्किल हालातों में अपना खून व पसीना बहाते हुए प्रशिक्षण पाने वाले जेंटलमेन कैडेट्स को सातवे वेतनमान के अनुसार पूरे प्रशिक्षण के दौरान 56,100 रुपये प्रतिमाह के हिसाब से वेतन दिया जाता है। यह वेतन सभी कैडेट्स के लिए एकसमान होता है।

 

 

सेना में कार्यभार संभालने के पहले जिस तरह का कठिन प्रशिक्षण ये जेंटलमेन कैडेट्स पाते हैं, वह हर किसी के बस की बात नहीं होती। सैन्य प्रशिक्षण से जुड़ी ये अहम बातें जानने के बाद अब जब भी आपका सामना किसी सैन्य अधिकारी से हो तो उन्हें देश की सेवा करने के लिए दिल से शुक्रिया करते हुए सलाम जरूर ठोकिएगा, वे इसके हकदार हैं।

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