नए 500 और 2000 रुपये के नोटों की नकल नहीं कर पाएगा पाकिस्तान, कई सुरक्षा फीचर्स से हैं लैस

author image
Updated on 11 Nov, 2016 at 12:56 pm

Advertisement

मोदी सरकार के 1000 और 500 के नोटों को बंद करने के फैसले के बाद, जो 500 और 2000 के नए नोट जारी किए गए हैं वे सुरक्षा मानकों के लिहाज से सुरक्षित हैं, जिनकी नकल कर पाना नामुमकिन है।

खुफिया एजेंसियां इन नये नोटों की सुरक्षा को लेकर आश्वस्त हैं, क्योंकि ये नोट अतिरिक्‍त सुरक्षा फीचर्स के साथ बनाए गए हैं। इस रिपोर्ट के मुताबिक, 6 महीनों की तैयारी के बाद इन नोटों को इस तरह से तैयार किया गया है कि पाकिस्तान या कोई अन्य आपराधिक नेटवर्क इनकी नकल नहीं कर सकता।

नए नोट अलग तरह के रंग और अतिरिक्त सुरक्षा मानकों के साथ लाए गए हैं। इनका आकार और विषय वस्तु भी पुराने नोट से अलग है।

सूत्र से बात करते हुए एक सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि रिसर्च ऐंड अनैलेसिस विंग (RAW), इंटेलिजेन्स ब्यूरो (IB) और डीआरआई ने पिछले छह महीनों से खुफिया रूप से छप रहे नोटों की जांच की है।

आपको बता दें कि जाली भारतीय मुद्रा अधिकतर पाकिस्तान के पेशावर में तैयार किए जाते हैं।

खुफिया एजेंसियों ने सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक को पहले ही इस बात की जानकारी दी थी कि पाकिस्तान के पेशावर में स्थित एक प्रेस में नकली भारतीय नोट के छापे जाने का कारोबार चल रहा है। इन छापे जाने वाले नोटों में ज्यादातर नोट 500 और 1000 रुपये के मूल्य के होते हैं।

ISI के अन्तर्गत काम करने वाली इस प्रेस में छपने वाले नकली नोटों को दाऊद इब्राहिम, लश्करे-तैयबा और अन्य अंतरराष्ट्रीय आपराधिक समूहों जैसे नेटवर्क के जरिए भारत पहुंचाया जाता है।

एक रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान प्रतिवर्ष अपने नेटवर्क के जरिए 70 करोड़ रुपये के नकली नोट भारत में भेजता है। ऐसे में मोदी सरकार का यह कदम नकली नोटों पर लगाम कसने की दिशा में महत्वपूर्ण है।


Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement