स्वच्छता और महिलाओं के सम्मान का वादा लेकर सवारी को निशुल्क मंज़िल तक पहुंचाता है यह ऑटोचालक

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Updated on 21 Jan, 2017 at 9:41 pm

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बेशक़ स्वच्छता अलग-अलग लोगों के लिए अलग-अलग मतलब रख सकती है। लेकिन हरेक नागरिक का छोटा सा योगदान भी आदर्श समाज की परिकल्पना कर सकता है। ऐसे लोग समाज के लिए उदाहरण बनते हैं।

इन्ही लोगों में से एक हैं नॉएडा के ऑटो चालक सचिन शर्मा। इन्होंने जो समाज को ‘स्वच्छ और आदर्श’ बनाने के लिए जो अनूठा तरीका निकाला है, वह क़ाबिलेतारीफ़ है।

प्रतीकात्मक तस्वीर। इनसेट में ऑटो चालक सचिन शर्माthebetterindia

सचिन ने नया साल एक नए संकल्प के साथ शुरू किया है।

उन्होंने नए साल की शुरुआत अपने यात्रियों को रात 12 बजे और सुबह 4 बजे के बीच मुफ्त में उनकी मंजिल तक पहुंचा कर की। हालांकि, इसके लिए उन्होंने एक शर्त रखी थी। शर्त यह थी कि यात्रियों को उनसे वादा करना था कि वे देश को स्वच्छ बनाने में अपना योगदान देंगे। यही नहीं, उन्होंने पुरुष यात्रियों से यह भी वादा मांगा कि वे महिलाओं से इज्जत से पेश आएंगे। इसके बाद वह रोज रात के 12 बजे से सुबह चार बजे तक अपने सवारियों को मुफ्त में उनके गंतव्य तक पहुंचा आते हैं।

सचिन शर्मा मूल रूप से फर्रुखाबाद के पट्टीखुर्द गांव के रहने वाले हैं।

वे अभी ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के तिगरी गांव में किराए के कमरे में रहते हैं और पिछले एक साल से एनसीआर में ऑटो चला रहे है। उनकी जिंदगी इससे पहले साधारण रूप से चल रही थी। लेकिन एक जनवरी से वह ऑटो में डस्टबिन रखकर चलाने लगे, ताकि लोगों को स्वच्छ भारत लिए प्रेरणा मिल सके। सचिन का कहना है कि स्वच्छता हमारे जीवन में सकारात्मक संदेश देकर आगे बढ़ने के लिए दिशा दिखाती है।

प्रतीकात्मक तस्वीर। ndtv

सचिन का ऑटो आम नहीं है।


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यह समाज को आदर्श संदेश भी देती है। उनके ऑटो पर जहां एक तरफ महिलाओं व माता-पिता के सम्मान से जुड़े स्लोगन हैं। वहीं, ऑटो में म्यूजिक सिस्टम भी लगवा रखा है, जिसमें वह सवारी की पसंद के हिसाब से गाने या भजन बजाते हैं।

सचिन के मुताबिक अगर रात 12 से सुबह 4 बजे तक उसके घर पर आकर कोई मुसीबत में कहीं चलने को कहता है तो वे मना नहीं करते। इसलिए इस समय सफर कर रहे शख्स से वे पैसे भी नहीं लेते है। सचिन के ऑटो की अधिकतर बुकिंग फोन से हो जाती है। सचिन ने अपने ऑटो से घर बैठे बुक कराने वाले जुगनू एप से अनुबंध भी करा रखा है।

एक छोटी सी कोशिश समाज को बड़ी उम्मीद दे सकती है। उम्मीद है कि सचिन से प्रेरित होकर देश को स्वच्छ बनाने में हम सभी अपना योगदान देंगे।

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