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बहू को बचाने के लिए एक मां ने अपने ही नशेड़ी बेटे को मार डाला !

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9:15 pm 19 Aug, 2017

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माता पिता के लिए अपनी संतान को खो देने का भय किसी बुरे सपने से कम नहीं होता। लेकिन तब क्या जब एक मां को अपनी ही कोख से जन्म दिए अपने बेटे को मारना पड़े? तब क्या जब उसका लाडला बेटा कपूत और दूसरों के लिए खतरा बन गया हो ?

मुंबई के मानखुर्द इलाके में रहने वाली 45 वर्षीय महिला अनवरी इदरीसी ने बहू को पिटाई से बचाने के लिए कथित तौर पर अपने ही बेटे की जान ले ली।

सांकेतिक तस्वीर

अनवरी के तीन बेटे थे, जिनमें से छोटा बेटा नदीम ड्रग्स का आदी था और अक्सर अपनी पत्नी को पीटता था। नदीम की शादी दो साल पहले ही इलाहाबाद की रहने वाली लड़की से हुई थी। शादी के बाद लड़की को नदीम की ड्रग्स लेने की आदत के बारे में पता चला। नदीम अपनी मां-पत्नी और दो बड़े भाइयों व उनकी पत्नी के साथ एक चॉल में रहता था।

नदीम की ड्रग्स की लत और मारपीट से परेशान होकर उसकी पत्नी ने शादी के पांच महीने बाद ही ससुराल छोड़ दिया था।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अनवरी चाहती थी कि उनकी बहू घर वापस आ जाए। उन्होंने अपनी बहू को विश्वास दिलाया कि नदीम उसे फिर से नहीं पीटेगा और ड्रग्स की आदत छोड़ देगा। साथ ही यह वायदा भी किया कि अगर नदीम फिर से उस पर हाथ उठाने की कोशिश भी करता है तो वह ऐसा कुछ नहीं होने देगी। इसके बाद नदीम की पत्नी वापस अपने ससुराल लौट आई। वह अपनी बहू को घर तो ले आईं, लेकिन अपने बेटे की आदतों की नहीं बदल सकीं।

सांकेतिक तस्वीर


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15 अगस्त की रात हर बार की तरह नदीम नशे में धुत होकर घर लौटा। पूरा परिवार घर पर ही मौजूद था। मीडिया से बातचीत में पुलिस ने बताया:

“नदीम की मां को महसूस हो गया था कि नदीम हिंसक हो सकता है, इसलिए नदीम की पत्नी समेत परिवार के सभी लोगों को पड़ोस के घर जाकर सोने को कहा। नदीम को इस बात पर गुस्सा आ गया और उसने अपनी मां को पीटना शुरू कर दिया। काफी देर तक वह अपनी मां को पीटता रहा। जब नदीम थक गया तो अनवरी उसे खींचकर स्टील की सीढ़ी तक लाई और दुपट्टे से गला दबाकर मार डाला।”

पुलिस ने बताया कि नदीम की मौत के बाद अनवरी पूरी रात शव के पास बैठकर रोती रही। सुबह करीबन 5.45 बजे जब नदीम की पत्नी समेत अन्य परिवार के लोग वापस घर लौंटे तो उन्होंने अनवारी को नदीम के शव के पास रोते देखा।

अनवरी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और कहा कि उन्होंने अपनी बहू को बचाने के लिए अपने बेटे की हत्या की। भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत उन्हें हत्या करने के जुर्म में गिरफ्तार किया गया।

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