बाढ़ से त्राहि-त्राहि कर रहे केरल की ये 15 तस्वीरें हृदय-विदारक हैं

4:15 pm 20 Aug, 2018

Advertisement

सौ सालों की सबसे भयंकर बाढ़ की मार झेल रहे केरल को लोगों के लिए थोड़ी राहत की खबर है। मौसम विभाग ने कहा है कि अगले 5 दिनों में बारिश न के बराबर होगी, जिससे राहत और बचाव कार्य में थोड़ी मदद मिलेगी। राज्य में बाढ़ की वजह से अब तक 7,24,649 लोगों को राहत शिविरों में भेजा जा चुका है और इस विनाशकारी बाढ़ की चपेट में आकर 370 जान गंवा चुके हैं।

 

बाढ़ से त्राहि-त्राहि कर रहे केरल की तस्वीरें

 

 

केरल के बाढ़ प्रभावित इलाक़ों से पानी धीरे-धीरे कम हो रहा है, लेकिन इससे मुश्किलें खत्म नहीं होंगी, क्योंकि पानी उतरने के साथ ही संक्रमण और बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।

 

 

अब राज्य के लोगों की ज़िंदगी को पटरी पर लाने की कोशिश का जा रही है।आज से कोच्चि नेवल बेस से यात्री उड़ानें शुरू हो गईं।

 

 

वहीं, कोच्ची इंटरनेशनल एयरपोर्ट 26 अगस्त तक बंद है। बाढ़ के पानी में पूरा एयरपोर्ट डूब गया है।

 

 

साथ ही त्रिवेंद्रम और एर्नाकुलम से कोलकाता के लिए दो स्पेशल ट्रेनें भी चलाई जा रही है। सभी रूट पर रेल सेवा को बहाल करने की कोशिश हो रही है।

 

 

बाढ़ ने राज्य के अलग-अलग हिस्सों में 350 से ज़्यादा लोगों की जान ले ली और करीब 20 हज़ार करोड़ के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।

 

 

केरल में पिछले 100 सालों का ये सबसे भयानक जलप्रलय है। लगातार बारिश के साथ राज्य की सभी नदियां उफ़ान पर हैं और बांध लबालब भर गए हैं, जिसकी वजह से उनके सभी गेट खोलने पड़े और इससे गांव के गांव पानी में डूब गए।

 

 

प्रभावित इलाक़ों में फंसे हुए लोगों को सेना, नौसेना, वायुसेना, NDRF, कोस्टगार्ड, ITBP की टीमें बचाने की कोशिश में जुटी हैं।


Advertisement

 

 

67 हेलीकॉप्टर, 24 एयरक्राफ़्ट, कोस्टगार्ड के तीन जहाज, 548 मोटरबोट बचाव कार्य में जुटे हैं।

 

 

बॉलीवुड सितारे भी केरल की मदद को आगे आए हैं। साथ ही आम लोग भी केरल के बाढ़ प्रभावितों के लिए अपने-अपने तरीके से मदद कर रहे हैं।

 

 

अब तक सेना और बाकी एजेंसियों की मदद से करीब 38 हजार से ज्यादा लोगों को बचाया जा चुका है।

 

 

बाढ़ और भारी बारिश की वजह से करीब 16 हजार किमी. सड़क, 134 पुल बाढ़ के कारण तबाह हो चुके हैं, जिन्हें बनाना बड़ी चुनौती होगी। इसके अलावा हजारों घर, 40 हजार एकड़ से अधिक खेती की जमीन भी बाढ़ ने बर्बाद कर दी।

 

 

सभी जिलों में जारी किया गया भारी बारिश का अलर्ट अब वापस ले लिया गया है, लेकिन जलप्रलय से हुई तबाही के बाद वहां के लोगों की ज़िंदगी सामान्य होने में काफी समय लगेगा।

 

 

राहत शिविरों के आसपास पानी भरा है, जिसके कारण कई जगह महामारी फैलने का खतरा है। तीन लोगों को चिकनपॉक्स की खबर है।

 

 

केरल में 29 मई को आई पहली बाढ़ के बाद से लोगों की मौत का सिलसिला जारी है। बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए जिले हैं अलाप्पुझा, एर्नाकुलम और त्रिशूर।

 

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement