इस लड़की ने 100 से अधिक ISIS आतंकवादियों को मार गिराया, अब इसके सिर पर है 10 लाख डॉलर का इनाम

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Updated on 13 Feb, 2017 at 1:08 pm

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डेनमार्क की जोआना पालानी की उम्र सिर्फ 23 साल है। राजनीति की छात्रा रही जोआना ने इस छोटी सी उम्र में ही ‘बड़े काम’ किए हैं और अब इसके सिर पर 10 लाख डॉलर का इनाम है।

हो सकता है कि आपको यकीन न हो, लेकिन यह सच है कि जोआना ने कुख्यात आतंकवादी संगठन इस्लामिक स्टेट के 100 से अधिक आतंकियों को मार गिराया है।

इराक और सीरिया में कुर्दिश पशमर्गा आर्मी का साथ देते हुए जोआना ने यह ‘कारनामा’ किया है।

ईरानी-कुर्दिश मूल की जोआना का जन्म खाड़ी युद्ध के दौरान इराक के रमादी में स्थित एक शरणार्थी शिविर में हुआ था। बाद में वह डेनमार्क चली गई। जोआना ने पहली बार 9 साल की उम्र में बंदूक चलाई थी।

वर्ष 2014 में वह पहली बार डेनमार्क के कोपेनहेगन से निकलकर सीरिया पहुंची।

उसने एक फेसबुक पोस्ट के माध्यम से बताया था कि वह महिला अधिकारों के लिए लड़ना चाहती है। साथ ही गणतंत्र की स्थापना उसका मुख्य उद्येश्य है।

अरब स्प्रिंग की वजह से वह सीरिया रवाना होने के लिए प्रोत्साहित हुई। उसने पहले सीरिया की सरकार के खिलाफ हथियार उठाए और उसके बाद इस्लामिक स्टेट के खिलाफ। सीरियाई शहर कोबानी में इस्लामिक स्टेट के खिलाफ मोर्चे पर रहने के दौरान जोआना डेनमार्क के अधिकारियों की नजर में आ गई।

वर्ष 2015 में सीरिया वापस आने के बाद जोआना के देश छोड़ने पर पाबंदी लगा दी गई। लेकिन इस प्रतिबंध को नजरअंदाज करते हुए वह एक बार फिर देश छोड़कर सीरिया निकल गई।


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एक बार फिर उसकी वापसी हुई और इसके साथ ही उसे डेनमार्क की एक जेल में डाल दिया गया। अब उसे जेल से रिहा कर दिया गया है, लेकिन सरकार ने उसका पासपोर्ट जब्त कर रखा है। जोआना का मानना है कि सरकार की कार्रवाई के बाद उसे लगता है कि अपने ही देश में उसकी छवि एक आतंकवादी की हो गई है।

जोआना कहती हैः

“मेरे सिर पर 10 लाख डॉलर का इनाम है। फिलहाल जो हालत है, हो सकता है कि यहां अपने ही देश में मेरी हत्या कर दी जाए।”

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