ब्लैकमनी नहीं रहा मुनाफे का धंधा, सकते में स्विस बैंक्स

Updated on 30 Jun, 2017 at 10:32 am

Advertisement

भारत सरकार के सख्त क़दमों का असर देखने को मिलने लगा है। तमाम चेतावनी और काले धन की वापसी पर छूट आदि घोषणाओं से लोग अब स्विस बैंक की तरफ रुख नहीं कर रहे। लिहाजा स्विस बैंक सकते में हैं।

इधर, भारतीयों ने स्विस बैंक से खूब निकासी की है, जिससे रकम आधी हो गई है। स्विट्जरलैंड के केंद्रीय बैंक द्वारा जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक भारतीय कालेधन के कुबेरों के 676 मिलियन स्विस फ्रैंक बैंकों में जमा है, जो भारतीय रुपए में 4,500 करोड़ की धनराशि बैठती है। ये पिछली अवधि के मुकाबले आधी है।


Advertisement

साथ ही पाकिस्तानी भी पनामा पेपर कांड की जांच खुलने के डर से लगातार निकासी कर रहे हैं। भारत से दो गुना ज्यादा रकम पाकिस्तान के लोगों ने स्विस बैंक में जमा कर रखे हैं। ये सभी आंकड़े स्विट्जरलैंड के केंद्रीय बैंक के डाटा के आधार पर सामने आए हैं, जिसमें विदेशी खातेदारों के खातों में जमा धन की पूरी जानकारी दी गई है।

गौरतलब है कि अभी भी आधी राशि स्विस बैंकों में पड़ी है। भारत सरकार ने विदेशों में कालाधन रखने वालों के लिए आम माफी की योजना चलाई थी, जिसमें काफी धन वापस देश में आया भी था। फिर भी स्विस बैंकों से पूरे पैसों का न निकाला जाना इस बात की ओर इशारा कर रहा है कि कुछ धन कुबेर सरकार से भय नहीं खाते।

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement