अब यह भारतीय संस्था बनेगी लंदन के गरीब और बेसहारा लोगों का सहारा, आपको जानकर होगा गर्व

Updated on 16 Mar, 2018 at 11:54 pm

Advertisement

भारतीय संस्थाओं ने भी अब वैश्विक स्तर पर जनसेवा के कार्यों में कदम बढ़ाया है। ये दुनियाभर में भारत की छवि के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। लंदन में बेसहारा बच्चों का सहारा बनने हेतु अक्षय पात्र फ़ाउंडेशन ने वहां अपनी पहली रसोई स्थापित कर ली है।

 

 यह फ़ाउंडेशन गरीब बच्चों को मिड-डे मील सेवा प्रदान करती है।

 

 

गौरतलब है कि अक्षय पात्र फ़ाउंडेशन एक ग़ैर सरकारी संस्था है। यह संस्था बीते दो सालों में 1.6 मिलियन स्कूली बच्चों के मिड-डे मील हेतु फ़ंड जमा कर चुकी है। यह अब अपना रुख लंदन की ओर कर रही है। इस मिड-डे मील योजना के तहत बच्चों के साथ-साथ बुज़ुर्गों और रोगियों की भी सहायता की जाएगी।

 

रिपोर्ट की मानें तो यूके में पांच लाख से अधिक बच्चे भूखे पेट स्कूल जाते हैं। इतना ही नहीं, लगभग 70 हज़ार बच्चे अकेले रहते हैं। ये आंकड़े चौंकाने वाले हैं कि विकसित देशों में शुमार यूके में भी बच्चों के हालात ठीक नहीं हैं।


Advertisement

 

 

बता दें कि अक्षय पात्र फ़ाउंडेशन ने होलबोर्न बिल्डिंग के 2,000 वर्गफ़ुट में फैले बेसमेंट में रसोई का निर्माण किया है। इसके माध्यम से बच्चों को शाकाहारी भोजन परोसा जाएगा। ‘फ़ूड फॉर आल’ के साथ पार्टनरशिप वाले इस प्रयास से बेघर बच्चों तक भी खाना पहुंचाया जाएगा।

 

 

ज्ञात हो कि इस फाउंडेशन ने दिसम्बर, 2009 में लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज करवाया है। साथ ही इसे सामाजिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए सीएनबीसी ने भी सम्मानित किया है। अभी यह संस्था कर्नाटक, उत्तरप्रदेश, राजस्थान, ओड़िसा, गुजरात, आंध्रप्रदेश, छत्तीसगढ के स्कूलों में बच्चों को भोजन उपलब्ध करा रही है।

 

हमारी तरफ से इनको ढेर सारी शुभकामनाएं।

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement