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लातिन अमेरिकी फिल्म में चमकेगा बिहारी सितारा

Published on 26 December, 2016 at 10:00 pm By

विदेशी फिल्मों में काम करना किसी भी बॉलीवुड कलाकार का सपना होता है। परंतु कुछ ही कलाकार निकल कर आते हैं जो बॉलीवुड छोड़ कर किसी और मंच पर अपनी ख्याति जमा पाते हैं।

ऐसे में मोतिहारी का एक कलाकार इस चकाचौंध इंडस्ट्री से ठुकराए जाने के बाद भी फिल्मी दुनिया में अपना नाम लिखने के लिए बेताब हैं।

प्रभाकर शरण फिल्म की अदाकारा के साथ, पीछे उनकी फिल्म ‘इनरेदादोस: ला कन्फ्यूजन’ का पोस्टर bbci

लातिन अमेरिकी फिल्म के मुख्य कलाकार प्रभाकर शरण की पैदाइश पटना की है। उन्होने हरियाणा से पढ़ाई की है। वो बचपन से ही बॉलीवुड में अपना नाम कमाना चाहते थे। लेकिन बॉलीवुड से ठुकराए जाने के बाद अब वो एक लातिन अमेरिकी फिल्म ‘इनटैंगल द कन्फ्यूजन’ में मुख्य कलाकार की भूमिका में दिखेंगे। प्रभाकर शरण ने बीबीसी से बातचीत में कहा-


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“मेरी फ़िल्म का स्पैनिश नाम है ‘इनरेदादोस: ला कन्फ्यूजन’, अंग्रेजी में इसे ‘इनटैंगल द कन्फ्यूजन’ कहेंगे और हिंदी में इसका मतलब है ‘प्यार और घनचक्कर’। हालांकि अभी हिंदी में इसका टाइटल तय नहीं हुआ है। फिल्म की कहानी दो युवाओं की कहानी है। जो अपनी गलतियों की वजह से मुश्किल में घिर जाते हैं। फ़िल्म में मेरा नाम लियो है। एक लीड एक्टर के तौर पर मैं उन समस्याओं को सुलझाता हूं।”

प्रभाकर शरण ऐसे पहले भारतीय भी होंगे जिन्हें पहली बार किसी लातिन अमेरिकी सिनेमा में काम करने का मौका मिला है। लेकिन इस मुकाम तक पहुंचने के लिए प्रभाकर की कहानी जितनी फिल्मी लगती है, उससे कहीं ज़्यादा उन्होंने अपने जीवन में संघर्ष किया है। उनके जीवन के उतार-चढ़ाव की ही तरह उनकी फिल्म में भी काफ़ी उतार-चढ़ाव है। प्रभाकर अपने फिल्म के बारे में बताते हैं-

“मेरी फ़िल्म भी एक रोलर कोस्टर की तरह ऊपर नीचे जाती है। कोस्टारिका और इस इलाक़े में कभी भी एक्शन फ़िल्म नहीं बनी थी। शुरू से मैं बॉलीवुड में कुछ करना चाहता था। वहां भी मुंबई में मैंने कुछ कोशिश की थी। मौका नहीं मिलने पर मैं यहां आ गया था।”

प्रभाकर बताते हैं कि उन्होने बॉलीवुड में जगह बनाने के लिए बहुत हाथ-पांव मारे। यहां तक वह मनोज वाजपेयी के पिता की पैरवी वाली चिट्ठी लेकर मुबंई पहुंचे लेकिन इससे भी उनकी किस्मत चमकी नही।



इसके बाद 1997 में वे कोस्टारिका पहुंच गए। वहां पढ़ाई की और फिर कारोबार में हाथ आजमाया लेकिन हर बार उनके दरवाज़े पर नाकामियों ने ही दस्तक दी। उन्होंने बॉलीवुड फिल्मों का लातिन अमेरिका में वितरण के काम में भी हाथ आजमाया, इसमें भी उनकी बात नहीं बनी लेकिन उन्होने संघर्ष करना नही छोड़ा।प्रभाकर कहते हैं-

“फिर कोस्टारिका में मैंने बॉलीवुड की पांच छह फ़िल्में खरीदकर रिलीज़ कराईं। 2006 में मैंने लातिन अमेरिका में अक्षय कुमार की फ़िल्म ‘गरम मसाला’ रिलीज़ की। मैं हरदम बॉलीवुड के नजदीक आना चाहता था। उस समय मैं 20 -25 लाख रुपये में फ़िल्में खरीदता था। यहां आमदनी होती थी 2 लाख से 3 लाख।”

प्रभाकर का बॉलीवुड के अंदाज़ में लातिन अमेरिकी फिल्म बनाने का  विचार था, जिसके लिए प्रभाकर कई बॉलीवुड के निर्देशकों से मिले लेकिन खाली हाथ ही लौटे।

“फिर बात हुई बॉलीवुड के कुछ निर्देशकों से कि क्या हम किसी प्रोजेक्ट को बॉलीवुड के अंदाज़ में लातिन अमेरिका में बना सकते हैं? अपने आइडिया को लेकर मैंने फिल्म डॉयरेक्टर जी विश्वनाथ को भी बुलाया। लेकिन हम नाकाम हो गए। इसके बाद मैंने यहां डब्ल्यू डब्ल्यू ई से जुड़े कुछ ईवेंट कराए। उनका नाम था मोंस्टर ट्रक ईवेंट जो कि काफी बड़ा ईवेंट था। अमेरिका से 48 पू्र्व चैंपियनों को बुलाया था जो बाइक और ट्रक के जरिए प्रदर्शन करते थे।”

प्रभाकर बताते हैं कि उनका शुरू से सपना बॉलीवुड में नाम स्थापित करना था लेकिन हर जगह उनको असफलता ही मिली। वह अपने अनुभव सांझा करते हुए कहते हैं-


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“कोशिश यही थी कि किसी भी तरह से पैसा आए और बड़ी फ़िल्म बनाएं। मेरी कंपनी को इस ईवेंट में साल 2010 में भारतीय रुपयों में 3 से 4 करोड़ का घाटा हुआ। अपनी मेहनत से पैसा कमाना और ये काम करना विदेश में आसान नहीं है लेकिन मैं लगा रहा। भारतीय खून जब खौलता है तो कहीं न कहीं कुछ न कुछ करता ही है। मूवी तो बनानी ही थी। मैंने बॉलीवुड से प्रभावित होकर कहानी लिखी। उसके लिए कलाकारों की तलाश की दिक्कत थी। लैटिन अमेरिका में बॉलीवुड अंदाज़ का अभिनेता कहां से मिलता जिसे गाना भी आता हो, एक्शन भी आता हो।”


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प्रभाकर की फिल्म लातिन अमेरिका में अगले साल नौ फरवरी को रिलीज होने को तैयार है, जिसके लिए वह काफी उत्साहित हैं। प्रभाकर इस फिल्म को हिंदी और अंग्रेजी में तो डब कराना चाहते ही हैं, पर उनके बिहार प्रेम की वजह से, ख़ासतौर से वह इस फिल्म को भोजपुरी में भी रिलीज करना चाहते हैं। काफ़ी संघर्ष के बाद अमेरिकी फिल्मी दुनिया में बिहार का नाम रोशन करने और उनकी आने वाली फिल्म के लिए उन्हें शुभकामनाएं।

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