संरक्षित गैंडों के लिए जाना जाता है गोरुमारा, लुप्तप्राय वन्यजीवन है इसकी पहचान

author image
Updated on 2 Feb, 2017 at 4:24 pm

Advertisement

पश्चिम बंगाल में स्थित गोरुमारा देश के प्रतिष्टित राष्ट्रीय वन्य उद्यानों में से एक है। यह स्थान लुप्तप्राय वन्यजीवों व संरक्षित गैंडों के लिए जाना जाता है। यहां जाने वाले लोगों को ऐसे जानवर दिख सकते हैं, जो उन्होंने किताबों में पढ़ा हो या टीवी पर देखा हो। उत्तर बंगाल के जलपाईगुड़ी में स्थित यह स्थान वाकई अद्भुत है।

वर्ष 2009 में इस पार्क को देश का नम्बर 1 राष्ट्रीय उद्यान घोषित किया गया था।

गोरुमारा में जंगलों की पहचान वर्ष 1895 में कर ली गई थी, लेकिन इसे राष्ट्रीय वन्यजीव उद्यान का दर्जा वर्ष 1949 में प्रदान किया गया। यहां बड़ी तादाद में दुर्लभ गैंडे पाए जाते हैं। यह उद्यान करीब 80 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला हुआ है।

इस उद्यान में पक्षियों की 194 प्रजातियां, सांपों की 22 प्रजातियां, कछुओं की सात प्रजातियां तथा मछली की 27 प्रजातियां पाई जाती हैं।


Advertisement

गैंडों के अलावा यह उद्यान एशियाई हाथी, भालू, चीतल और हिरण की आश्रयस्थली है। यहां चीते भी रहते हैं। कभी-कभी इस उद्यान में रॉयल बंगाल टाइगर को भी देखा गया है।

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement