इंजीनियरिंग डिग्री हासिल करने वाले ये 6 खिलाड़ी जब क्रिकेट के मैदान पर उतरे तो गदर मच गया

Updated on 12 Dec, 2017 at 3:04 pm

Advertisement

अक्सर अच्छे खिलाड़ियों को देखकर हमें लगता है कि वो सिर्फ अपने प्रोफेशन यानी जिस खेल में वो हैं, उन्हें सिर्फ उसमें ही महारत हासिल है और खेलने के अलावा वो कुछ और नहीं करते, मगर असल में ऐसा नहीं है। अपने खेल के मास्टर होने के साथ ही वो कई और चीजों के उस्ताद है। खेल के कई उस्ताद पढ़ाई में भी बहुत अच्छे रहे हैं। चलिए हम आपको कुछ ऐसे ही प्रतिभावान खिलाड़ियों के बारे में बताते हैं, जिन्होंने इंजीनियरिंग की डिग्री तो हासिल की, लेकिन अपने जूनून और सपने की राह यानी कि क्रिकेट को ही अपना मुकाम चुना।

 

1. अनिल कुंबले

 

कभी टीम इंडिया के बेहतरीन गेंदबाज़ों में शुमार होने वाले अनिल कुंबले ने अपने क्रिकेट के शौक को पूरा करने के लिए इंजीनियरिंग की बजाय क्रिकेट में करियर बनाया। उन्होंने 1991-92 में मैकेनिकल इंजीनियरिंग की डिग्री बैंग्लोर के राष्ट्रिय विद्यापीठ से प्राप्त की और उसी साल क्रिकेट में भी डेब्यू किया। कुंबले ने अपने करियर में कई रिकॉर्ड बनाए। टेस्ट मैच में 619 और वनडे में 337 विकेट लेने वाले कुंबले क्रिकेट के दोनों फॉर्मेट में भारत के सबसे ज़्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज़ है।

Engineer

 

2. जवागल श्रीनाथ

 

टीम इंडिया के बेहतरीन खिलाड़ी रह चुके जवागल श्रीनाथ मैच रेफरी भी रह चुके हैं, वो मानते हैं कि किसी भी खिलाड़ी की ग्रूमिंग और पर्सनैलिटी डेवलप करने के लिए शिक्षित होना बहुत ज़रूरी है। श्रीनाथ की गिनती भारत के बेस्ट बॉलर में होती है, उन्होंने मैसूर के श्री जयाचमाराजेंद्र इंजीनियरिंग कॉलेज से बीई किया है।

Engineer

 

3. रविचंद्रन अश्विन

 

रविचंद्रन अश्विन फिलहाल भारतीय क्रिकेट टीम के बेहतरीन गेंदबाज़ हैं। उन्होंने चेन्नई के एसएसएन कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से बीटेक की डिग्री हासिल की, लेकिन इंजीनियर की बजाय क्रिकेटर बन गए, क्योंकि यही उनका सपना था।


Advertisement

Engineer

 

4. कृष्णामाचारी श्रीकांत

 

टीम इंडिया का यह खिलाड़ी भी इंजीनियरिंग छोड़ क्रिकेट के मैदान में दौड़ लगा रहा है। श्रीकांत ने चेन्नई से इलेक्टिकल इंजीयरिंग की है। हालांकि, अपनी इंजीनियरिंग की पढ़ाई के दौरान भी वो थोड़ा-बहुत क्रिकेट खेलते थे, मगर इंजीनियरिंग के चौथे साल में उन्होंने टेस्ट क्रिकेटर बनने के बारे में गंभीरता से सोचा और फिर क्रिकेट के मैदान पर वो कूद पड़े।

Engineer

 

5. श्रीनिवासराघवन वेंकटराघवन

 

57 मैच में 156 विकेट लेने वाले वेंकटराघवन का रिकॉर्ड भले ही बहुत अच्छा न हो, मगर इस बात में कोई दो राय नहीं है कि वो बेहतरीन स्पिनर रहे हैं। रिटायरमेंट से पहले ही वो अंपायर बन गए और लंबे समय तक अंपायरिंग की। उन्होंने भी चेन्नई के कॉलेज से ही इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल की हुई है।

Engineer

 

6. ई. ए. एस. प्रसन्ना

 

पूर्व ऑफ स्पिनर प्रसन्ना ने मैसूर के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग से इंजीनियरिंग की है। आप कह सकते हैं कि इंजीनियरिंग करके क्रिकेटर बनने की शुरुआत प्रसन्ना ने ही की थी।

Engineer

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement