आधुनिक विज्ञान के 800 साल पहले ही हिन्दुओं को पता था डायनासोर के बारे में।

author image
Updated on 31 Dec, 2015 at 1:43 pm

Advertisement

डायनासोर की खोज से जुड़े कुछ ऐसे चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं, जिनसे यह साबित होता है कि करीब 800 साल पहले हिन्दुओं को इन जीवों के बारे में पता था। जी हां, कम्बोडिया के अंगकोर वाट मंदिर की दीवारों पर उकेरी गई डायनासोर की आकृतियां मिली हैं, जो वाकई आश्चर्यजनक हैं।

दरअसल, आधुनिक विज्ञान को डायनासोर के अस्तित्व के बारे में पहली बार19वीं सदी में पता चला था, जबकि इस मंदिर का निर्माण 11वीं शताब्दी में किया गया था। मंदिर की दीवारों पर नक्काशी के जरिए बनाई गईं इन सटीक आकृतियों से यह साबित हो जाता है कि उस जमाने में लोग डायनासोर के बारे में बेहतर जानते थे, तभी मंदिर की दीवारों पर इसका चित्रण किया जा सका था।

अंगकोर वाट मंदिर दुनियाभर में हिन्दुओं का सबसे बड़ा धार्मिक स्थल है। भगवान विष्णु का यह मंदिर कम्बोडिया के अंगकोर वाट में स्थित है, जिसका निर्माण करवाया था सम्राट सूर्यवर्मन द्वितीय ने।


Advertisement

इससे पहले के सम्राटों ने आमतौर पर शिवमंदिरों का निर्माण करवाया था, लेकिन यह संभवतः पहली बार था कि किसी हिन्दू सम्राट ने भगवान विष्णु का विशालकाय मंदिर निर्माण करवाया था।

बौद्ध धर्म के बढ़ते प्रभाव के बीच करीब 14वीं शताब्दी में इस मंदिर परिसर में भगवान बुद्ध की प्रतिमाएं भी स्थापित की गईं। माना जाता है कि बाद में बौद्ध भिक्षुओं ने यहां निवास किया था।

वास्तुशास्त्र के लिहाज से यह विशाल रहस्यमयी मंदिर अद्वितीय है। विशेषज्ञ कहते हैं कि इस मंदिर के रहस्यों की वजह से इसकी तुलना मिस्र के पिरामिडों से की जा सकती है।

Advertisement

आपके विचार


  • Advertisement