महिलाओं का ब्यूटी पार्लर जाना, आइब्रो बनवाना इस्लाम के खिलाफ

Updated on 7 Oct, 2017 at 8:30 pm

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सजना-संवरना महिलाओं को खूब रास आता है, लेकिन दारुल उलूम देवबंद को ये कतई पसंद नहीं है। लिहाजा फतवा जारी कर दिया गया है। फतवे में महिलाओं के ब्यूटी पार्लर जाने को हराम बताया गया है।

आखिर क्या है मामला

दरअसल, एक व्यक्ति ने देवबंद के फतवा विभाग से जानना चाहा थाः “क्या पत्नी आइब्रो बनवा सकती है और बाल कटवा सकती है?” इसके जवाब में दारुल उलूम देवबंद की तरफ से कहा गया कि इस्लाम ब्यूटी पार्लर जाने की इजाजत नहीं देता। देवबंद का यह भी कहना है कि इस बारे में बहुत पहले ही फतवा जारी होना चाहिए था।

फतवा डिपार्टमेंट के मौलाना लुतफुर्रहमान सादिक काजमी ने फतवे को सही ठहराते हुए इसे एक आवश्यक कदम बताया है।

मौलाना लुतफुर्रहमान ने कहाः


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“मुस्लिम महिलाएं इन दिनों ब्यूटी पार्लर खूब जा रही हैं, जो सरासर गलत काम है। पुरुष दाढ़ी नहीं कटवा सकते वैसे ही महिलाओं का बाल कटवाना और आइब्रो बनवाना भी गलत है।”

फतवा डिपार्टमेंट का कहना है कि महिलाओं के लिए दस पाबंदियां हैं, उनमें बाल काटना और आइब्रो बनवाना भी शामिल है। बाल महिलाओं की खूबसूरती का हिस्सा है, इसलिए इसे कटवाना नहीं चाहिए। बिना किसी मजबूरी के बाल कटवाना नाजायज काम है।

ज्ञात हो कि दारुल उलूम का फतवा डिपार्टमेंट ऑनलाइन भी है। इस डिपार्टमेंट में लेटर भेजकर या आॅनलाइन फतवा मांगा जा सकता है। इस डिपार्टमेंट से लोग इस्लाम से जुड़े सवालों का जवाब भी पा सकते हैं।

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